ओबरा थाना परिसर में मिशन शक्ति केंद्र एवं साइबर हेल्प डेस्क का लोकार्पण, महिलाओं की सुरक्षा और साइबर अपराध नियंत्रण को मिलेगी मजबूती।

संवाददाता: दिनेश कुमार
सोनभद्र
जनपद सोनभद्र के थाना ओबरा परिसर में नवनिर्मित मिशन शक्ति केंद्र एवं साइबर हेल्प डेस्क का विधिवत लोकार्पण जिलाधिकारी चर्चित गौड़ एवं वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक अभिषेक वर्मा द्वारा किया गया। इस अवसर पर अपर पुलिस अधीक्षक अनिल कुमार, क्षेत्राधिकारी (मुख्यालय) प्रभात राय, प्रभारी निरीक्षक सदानंद राय सहित पुलिस विभाग के अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित रहे।
लोकार्पण के उपरांत वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक अभिषेक वर्मा ने कहा कि मिशन शक्ति केंद्र का उद्देश्य महिलाओं एवं बालिकाओं को सुरक्षित वातावरण उपलब्ध कराना, उनकी शिकायतों का संवेदनशीलता के साथ त्वरित निस्तारण करना तथा उन्हें आवश्यक कानूनी एवं सामाजिक सहायता प्रदान करना है। उन्होंने बताया कि साइबर अपराधों में लगातार हो रही वृद्धि को देखते हुए साइबर हेल्प डेस्क की स्थापना आमजन के लिए अत्यंत उपयोगी साबित होगी, जहां साइबर ठगी, ऑनलाइन फ्रॉड, सोशल मीडिया अपराध तथा डिजिटल धोखाधड़ी से संबंधित शिकायतों का शीघ्र पंजीकरण एवं उचित मार्गदर्शन उपलब्ध कराया जाएगा।
प्रभारी निरीक्षक सदानंद राय ने बताया कि मिशन शक्ति केंद्र एवं साइबर हेल्प डेस्क के संचालन से थाना स्तर पर आमजन को बेहतर पुलिस सेवाएं मिलेंगी। विशेष रूप से महिलाओं, बालिकाओं एवं साइबर अपराध के पीड़ितों को एक ही स्थान पर सहायता, परामर्श और त्वरित कार्रवाई की सुविधा उपलब्ध होगी। उन्होंने नागरिकों से अपील करते हुए कहा कि किसी भी प्रकार की साइबर ठगी, ऑनलाइन धोखाधड़ी या महिला उत्पीड़न की घटना होने पर बिना संकोच तत्काल पुलिस से संपर्क करें।
कार्यक्रम के दौरान अधिकारियों ने मिशन शक्ति अभियान के उद्देश्यों पर प्रकाश डालते हुए कहा कि महिलाओं की सुरक्षा, सम्मान और आत्मनिर्भरता उत्तर प्रदेश पुलिस की सर्वोच्च प्राथमिकताओं में शामिल है। उन्होंने कहा कि प्रत्येक थाने में साइबर हेल्प डेस्क की स्थापना डिजिटल युग में बढ़ते साइबर अपराधों की रोकथाम तथा पीड़ितों को त्वरित सहायता उपलब्ध कराने की दिशा में महत्वपूर्ण पहल है।
अंत में जिलाधिकारी एवं वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक ने मिशन शक्ति केंद्र और साइबर हेल्प डेस्क का निरीक्षण कर उपलब्ध सुविधाओं का जायजा लिया तथा संबंधित पुलिस कर्मियों को आमजन की समस्याओं का संवेदनशील, प्रभावी एवं समयबद्ध निस्तारण सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। स्थानीय नागरिकों ने इस पहल का स्वागत करते हुए इसे जनसुरक्षा, महिला सशक्तिकरण एवं साइबर अपराध नियंत्रण की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम बताया




